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चारभुजा नाथ ने की तीन किलो स्वर्ण रजतपुरी पोशाक धारण
November 16, 2020 • Raj Kumar Mali • भीलवाड़ा हलचल
 

भीलवाड़ा (हलचल)। श्री माहेश्वरी समाज श्री चारभुजा जी मंदिर ट्रस्ट भीलवाड़ा के तत्वाधान दो दिवसीय अन्नकूट महोत्सव धूमधाम से मनाया गया जिसमें 3 फीट की चारभुजा नाथ की एकमात्र प्रतिमा है जिसे स्वर्ण रजत 3 किलो की पूरी पोशाक भीलवाड़ा के बड़ा मंदिर में धारण कराई गई मंदिर निर्माण से 289 वर्ष बाद चारभुजा नाथ ने लगभग 3 किलो स्वर्ण- रजत पोशाक धारण कर दीपावली व अन्नकूट में जिलेभर से हजारों श्रद्धालुओं ने दर्शन कर दीपावली अंनकूट मनाया ।

पूरे मंदिर को फूलों से आकर्षक सजाया गया फूल बंगला बना कर पहली बार चारों ओर रंग बिरंगे फूलों की लटकन लगाकर मंदिर को जोरदार सजाया गया उत्सव के दौरान अमावस के दिन चारभुजा नाथ के गुंबद पर विधि-विधान पूर्वक मंत्रोचार के साथ ध्वजा चढ़ाई गई अन्नकूट के साय आरती के समय गोबर निर्मित हजारों दीपक से मंदिर जगमगा उठा  इस अवसर पर समाज के गणमान्य पदाधिकारी ,पंच व ट्स्टीगण की उपस्थिति में आरती कर अन्नकूट का प्रसाद चढ़ाया गया। दीपावली के दिन स्वर्ण पोशाक में चारभुजा नाथ राम अवतार में गोवर्धन पूजा के दिन कृष्ण अवतार के रूप में दर्शन दिए।

ट्रस्ट मीडिया प्रभारी महावीर समदानी ने बताया कि दीपावली के दिन भगवान राम के आगमन के तहत चारभुजा नाथ ने स्वर्ण पोशाक धारण कर राम अवतार का रूप लिया व दूसरे दिन गोवर्धन पूजा के दिन कृष्ण लीला के तहत कृष्ण अवतार के रूप में दर्शन दिए रामअवतार रूप में भगवान चारभुजा नाथ का सीधे मुकुट के साथ चेहरे का श्रंगार व धनुष बाण सज्जित थे कृष्ण अवतार में तिरछे मोर मुकुट के साथ ,मोर पंख सुसज्जित कर ,मुरली रूप धारण किए हुए थे जो दोनों दिन स्वर्ण पोशाक दर्शनों में स्पष्ट अंतर नजर आ रहा था।

तीन फीट चारभुजा नाथ की एकमात्र प्रतिमा जिसके संपूर्ण स्वर्ण पोशाक बनी

राजस्थान में तीन फीट की एकमात्र बड़े मंदिर चारभुजा नाथ की प्रतिमा है जिसके यहां के स्थानीय ट्रस्टीयों ने 3 किलो की संपूर्ण स्वर्ण रजत पोशाक बनाई गई राजस्थान भर में नाथद्वारा स्थित श्रीनाथजी, राजसमंद एकलिंग जी के भी पूरी स्वर्ण पोशाक नहीं है साथ ही आकर्षक सांवरिया सेठ की प्रतिमा भी डेढ़ फीट की है जोधपुर स्थिति नाकोड़ा भैरव की प्रतिमा भी छोटी है जैन समाज में मंदिर तो कहीं विशाल है लेकिन इनके स्वर्ण पोशाक धारण कराने का नियम नहीं है।

अमावस के दिन घुम्मज पर ध्वजा चढ़ाई

चारभुजा नाथ बड़ा मंदिर में अमावस के दिन अन्नकूट 15 नवंबर को ट्रस्टी अनिल झवर कि ओर से चारभुजा नाथ के ध्वजा चढ़ाई गई इस अवसर पर मंदिर ट्रस्टके अध्यक्ष उदयलाल समदानी, मंत्री रामस्वरूप सांमरिया के सानिध्य मे मंदिर में ध्वजा चढ़ाते समय राधेश्याम चैचानी, राधेश्याम सोमाणी,देवेंद्र सोमानी ,केदार जागेटिया व परिवार जन उपस्थित थे चारभुजा नाथ के ध्वजा चढ़ाने का उद्देश्य कोरोना जैसी महामारी को समाप्त करने को लेकर की  ध्वजा को परिवार जनो ने सिर पर रखकर घुम्मज तक ले गए एवं घुम्मज पर ध्वजा फहराई गई।

हजारों गोबर के दीपक से मंदिर जगमगा उठा

अनुकूट के अवसर पर साय 5 बजे शास्त्री नगर माहेश्वरी सभा के अध्यक्ष संजय जागेटिया एवं मंत्री राजेंद्र तोषनीवाल के सानिध्य में हजारों दीपक की सजावट मंदिर के चारों ओर लगाकर उन्हें एक साथ जलाकर मंदिर को जगमगा दिया इसके बाद 6:00 बजे महाआरती की गई इस अवसर पर जिला महेश्वरी सभा अध्यक्ष दीनदयाल मारू ,मंत्री देवेंद्र सोमानी, श्रीनगर माहेश्वरी सभा अध्यक्ष केदार जागेटिया ,रामेश्वर तोषनीवाल ,राकेश पटवा ,बालमुकुंद राठी, रामस्वरूप तोषनीवाल सुनील कुमार सोनी रामपाल लाठी ,छितरमल डांड ,बद्री लाल डाड सत्यनारायण सोमानी रतनलाल पटवारी, महेश कुमार भंडारी ,प्रमोद डाड राजेंद्र नुवाल ,गोविंद राम तोषनीवाल , शिव तोषनीवाल सहित सभी ट्रस्टी गण ,समाज जन, पदाधिकारी उपस्थित थे, अन्नकूट में चावल- चवला-  विभिन्न सब्जियों सहित मिष्ठान का भोग लगाया गया उसके बाद भक्तों को कतार बंद कर सोशल डिस्टेंसिंग की पालना करते हुए मंदिर परिक्रमा में प्रसाद वितरण किया गया।

रंग-बिरंगे फूल बंगले की खुशबू में रहे 2 दिन चारभुजा नाथ

दो दिवसीय अन्नकूट महोत्सव में बाहर से आए 8 -फूल बंगला सजावट कर्ताओं ने आकर्षक रंग बिरंगे फूलों की लटकन से पूरे मंदिर को पहली बार इतने आकर्षक ढंग से सजाया गया इसे देखते ही बन रहा था निज मंदिर गर्भ गृह में इंपोर्टेड फूल व अहमदाबाद से आए रंग बिरंगे आकर्षक फूलों के झुमको व बुके से आकर्षक रूप से चारभुजा नाथ को सजाया गया साथ ही केसर, चंदन व् इत्र का श्रंगार में उपयोग लिया गया जिसकी खुशबू से चारभुजा नाथ व भक्तगण सरोवार हो उठे इस बार दिवाली पर मार्केट में सजावट व लाइटिंग नहीं होने से चारभुजा नाथ बड़ा मंदिर आकर्षण का केंद्र रहा व चारभुजा नाथ के स्वर्ण जड़ित पोशाक व दर्शनों की चर्चा जिले भर में रहीं।